पुराने चौपहिया वाहनों की खरीदी बिक्री करने वाले संस्थान संचालकों द्वारा फ्लावर के नीचे नेशनल हाईवे में घोषित पार्किंग स्थल बना लिया गया है। यहां सभी प्रकार के नए और पुराने वाहनों के साथ कंडम वाहनों को भी पार्क किया जाता है। जिसकी वजह से नेशनल हाईवे में यातायात व्यवस्था बुरी तरह से चरमरा गई है। नेशनल हाईवे की यातायात व्यवस्था को सामान्य करने और फ्लावर के नीचे अवैध रूप से खड़े वाहनों को हटाने यातायात पुलिस द्वारा सोमवार को अभियान चलाया गया। जिसके तहत पावर हाउस चौक से लेकर सुपेला चौक तक फ्लावर के नीचे खड़े वाहनों को हटाने कार्रवाई की गई जिन वाहनों के वाहन मालिक मौके पर नहीं मिले उन्हें ऑनलाइन चालान भेजा गया यातायात पुलिस की कार्यवाही को होता देख कुछ वाहन मालिकों ने अपने वाहनों को खुद चालानी कार्रवाई से बचने फ्लाईओवर के नीचे से हटा लिया। गौरतलब है कि पावर हाउस चौक से लेकर सुपेला चौक फ्लावर के नीचे दोनों और अवैध रूप से लंबे वक्त से वाहनों को पार किया रहा है जिसकी वजह से हर वक्त दुर्घटना होने की संभावना बन रहती है शाम के समय स्थिति और भी खतरनाक हो जाती है पुराने वाहनों की खरीदी बिक्री करने वाले संस्थान संचालक भी कबाड़ हो चुके वाहनों को भी नेशनल हाईवे में पार्क करते है। सारी स्थिति को देखकर भी नगर निगम प्रशासन उदासीन बना हुआ है। नेशनल हाईवे में वाहनों को पार्क किए जाने की वजह से आधी सड़क पार्क हुए वाहनों के कब्जे में रहती है और आधी सड़क से लोग आवाजही करते हैं। यातायात पुलिस ने ऐसे वाहन चालकों को समझाइए दी है कि दोबारा फ्लाईओवर के नीचे वाहन पार्क करते पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। नेशनल हाईवे को पार्किंग स्थल में तब्दील होने से बचाने यातायात पुलिस की कार्रवाई सराहनी है देखना होगा आने वाले समय में पुलिस की इस चालानी कार्रवाई का ट्रांसपोर्टर और पुराने वाहनों की खरीदी बिक्री करने वालों पर कितना असर होता है।

