दुर्ग जिले में ईंट-भट्ठे पर काम करने वाले मुंशी किशन लाल साहू की हत्या का सनसनीखेज मामला सामने आया है।
शुरुआत में इस घटना को हादसा बताया गया, लेकिन पुलिस जांच में यह हत्या निकली।
घटना 24 अगस्त की रात की है।
शिवलाल चकधारी के ईंट-भट्ठे पर मजदूर काशीराम चौहान, धनसाय साहू और एक नाबालिग साथी किशन लाल साहू के साथ शराब पी रहे थे।
इसी दौरान पुराने विवाद को लेकर कहासुनी हुई और गुस्से में आकर तीनों ने किशन लाल साहू पर हमला कर दिया।
आरोप है कि पहले किशन लाल को हाथ-मुक्कों से पीटा गया और फिर टंगिया से उसके सिर पर प्राणघातक वार किया गया।
गंभीर हालत में किशन लाल को अस्पताल ले जाया गया, जहां 25 अगस्त की सुबह उसकी मौत हो गई।
पुलिस ने जांच के दौरान आरोपियों की साजिश का पर्दाफाश किया।
हत्या को हादसा बताने के लिए उन्होंने भट्ठा मालिक को फोन कर कहानी गढ़ी थी कि किशन लाल टंगिया से टकराकर घायल हुआ है।
आरोपी काशीराम चौहान की निशानदेही पर पुलिस ने घटना में प्रयुक्त टंगिया, खून से सना टी-शर्ट और अन्य सामान जब्त किया है।
धनसाय साहू के कपड़ों से भी खून के धब्बे बरामद हुए।
पुलिस ने काशीराम चौहान, धनसाय साहू और एक नाबालिग को गिरफ्तार कर लिया है।
इस पूरे मामले की जांच चौकी प्रभारी अंजोरा संतोष कुमार साहू और ACCU टीम ने की है।

