हज़ार तीरथ और सौ कुम्भों से बड़ा पुण्य !

हज़ार तीरथ और सौ कुम्भों से बड़ा पुण्य !
लावारिस मनोरोगियों की सेवा कर रहा फील परमार्थ !

By editor