अगर आप भी सोशल मीडिया पर लाइक्स, व्यूज और फॉलोअर्स बढ़ाने के लिए हथियारों के साथ वीडियो बना रहे हैं… या फिर लड़ाई-झगड़े और दबंगई वाली रील्स पोस्ट कर रहे हैं… तो अब संभल जाइए… क्योंकि दुर्ग पुलिस ऐसे लोगों पर लगातार नजर बनाए हुए है।
दुर्ग जिले में कानून व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने के लिए पुलिस विभाग ने एक विशेष मीडिया सेल का गठन किया है… जो इंस्टाग्राम, फेसबुक, यूट्यूब और दूसरे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म की लगातार मॉनिटरिंग कर रहा है। पुलिस साफ कर चुकी है कि सोशल मीडिया पर हथियार चमकाना… हिंसा को बढ़ावा देना… या डर का माहौल बनाने की कोशिश करना अब भारी पड़ सकता है।
पुलिस की इस सख्ती का असर हाल ही में देखने को मिला… जब इंस्टाग्राम पर धारदार हथियार के साथ आपत्तिजनक पोस्ट डालकर दबंगई दिखाने वाले दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया। दोनों आरोपी दुर्ग के रानी तरई क्षेत्र के रहने वाले बताए जा रहे हैं… जिन्होंने सोशल मीडिया पर अपनी धौंस जमाने की कोशिश की थी।
पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए आरोपियों के मोबाइल फोन और डिजिटल साक्ष्य जब्त किए… और दोनों के खिलाफ प्रतिबंधात्मक कार्रवाई करते हुए न्यायालय में पेश किया… जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।
इस पूरे मामले पर जिले के एडिशनल एसपी ने सख्त चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि सोशल मीडिया पर कोई भी आपत्तिजनक वीडियो, फोटो या पोस्ट डालने से पहले उसके परिणाम जरूर सोच लें… क्योंकि कानून तोड़ने वालों को अब किसी भी हालत में बख्शा नहीं जाएगा।
दुर्ग पुलिस ने आम लोगों से भी अपील की है कि सोशल मीडिया का इस्तेमाल सकारात्मक और जिम्मेदारी के साथ करें… ताकि समाज में शांति और कानून व्यवस्था बनी रहे।

