भारत का संविधान लागू हुए 73 वर्ष पूरे हो गए इस मौके पर भिलाई बौद्ध महासभा के तत्वाधान में भिलाई के बुद्ध भूमि पर दो दिवसीय बुद्ध मेले का आयोजन किया गया या पूरा आयोजन महिला समिति के द्वारा संचालित किया गया प्रथम दिन जहां योग ज्योति परिचय सम्मेलन के साथ बच्चों युवाओं और महिलाओं के लिए सांस्कृतिक कार्यक्रमों के आयोजन हुए तो वहीं दूसरे दिन बाबा साहब भीमराव अंबेडकर की विशालकाय प्रतिमा का अनावरण किया गया साथ ही इस मौके के साक्षी बने छत्तीसगढ़ प्रदेश के विभिन्न विधानसभा के विधायक एवं प्रशासनिक अधिकारी आयोजित किए गए भीम मेले में विभिन्न प्रकार के स्टाल लगाए गए थे जिसमें पुस्तकों के मेले के साथ-साथ खाने-पीने के विभिन्न स्टॉल एवं सभी आयु वर्ग के मनोरंजन के लिए व्यवस्थाएं बनाई गई थी इस मेले में किसी अप्रिय घटना से निपटने के लिए सुरक्षा की भुगतान इंतजाम किए गए थे साथी आम जनमानस के लिए चिकित्सीय व्यवस्था भी सुदृण की गई थी। मंचीय कार्यक्रम में मिले के मुख्य अतिथियों का स्वागत सम्मान विधि अनुसार किया गया इस मौके पर वरिष्ठ सामाजिक व्यक्तियों के साथ-साथ समाज उत्थान की दिशा में सामाजिक संस्थाओं द्वारा किए गए बेहतर कार्यों के लिए भी उन्हें सम्मानित किया गया कार्यक्रम में उपस्थित मुख्य एवं विशिष्ट अतिथियों ने भीम मिले को लेकर अपनी राय मीडिया से साझा की है भारत के संविधान लागू होने के इस 73वें वर्षगांठ पर भिलाई की बुद्ध भूमि पर आयोजित किए गए अद्भुत मेले की चर्चा पूरे प्रदेश भर में हो रही है और सभी भारतवासी अपने भारत के संविधान पर खुद को गौरवान्वित महसूस कर रहे हैं।।

